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लेबर पार्टी के नेता क्रिस हिपकिंस ने न्यूजीलैंड के 41वें प्रधानमंत्री के रूप में आज (बुधवार को) शपथ ली है। जैसिंडा अर्डर्न से हैंडओवर पूरा करने के बाद, क्रिस हिपकिंस को आधिकारिक तौर पर शपथ दिलाई गई। उनके साथ कार्मेल सेपुलोनी ने उप प्रधान मंत्री के रूप में शपथ ली है।

ब्लूमबर्ग ने बताया कि इससे पहले हिपकिंस को बुधवार को वेलिंगटन में गवर्नर-जनरल सिंडी किरो द्वारा नियुक्त किया गया, जिन्होंने पहले निवर्तमान प्रधानमंत्री अर्डर्न के औपचारिक इस्तीफे को स्वीकार किया था। 44 वर्षीय हिपकिंस ने पदभार संभालने के बाद अर्थव्यवस्था पर ध्यान केंद्रित करने और “मुद्रास्फीति को महामारी”  बताते हुए उसके उपायों के तहत बैक-टू-बेसिक्स दृष्टिकोण का वादा किया है।

उधर, जेसिंडा अर्डर्न न्यूजीलैंड की प्रधानमंत्री के तौर पर मंगलवार को आखिरी बार सार्वजनिक रूप से सामने आयीं और कहा कि वह सबसे ज्यादा लोगों को याद करेंगी क्योंकि वे उनके लिए ”नौकरी में खुश रहने” की वजह थे। अर्डर्न ने पिछले हफ्ते देश को हैरत में डालते हुए घोषणा की थी कि वह अपना पद छोड़ने जा रही हैं। 

     

इसके बाद लेबर पार्टी के सांसदों ने प्रधानमंत्री का पदभार संभालने के लिए क्रिस हिप्किंस के पक्ष में रविवार को सर्वसम्मति से मतदान किया था। प्रधानमंत्री के रूप में आखिरी काम के तौर पर अर्डर्न रातना मैदान में आयोजित एक समारोह में हिप्किंस तथा अन्य सांसदों के साथ शामिल हुईं। 

     

अर्डर्न ने पत्रकारों से कहा कि हिप्किंस से उनकी दोस्ती करीब 20 साल पुरानी है और वह रातना मैदान तक आने के दौरान करीब दो घंटे उनके साथ रहीं। उन्होंने कहा कि वह केवल एक सच्ची सलाह दे सकती हैं कि,”आप जो चाहते हैं वह करें।”

     

उन्होंने, अपनी घोषणा के बाद से सोशल मीडिया पर उन पर किए जा रहे कटु और महिला विरोधी हमलों के बारे में भी बात की और कहा कि उनके इस्तीफा देने के पीछे यह वजह नहीं है। हिपकिंस ने पत्रकारों को कहा कि नेतृत्व परिवर्तन ”खट्टा-मीठा” है। उन्होंने कहा, ”निश्चित तौर पर मैं, यह भूमिका संभालकर सम्मानित महसूस कर रहा हूं लेकिन यह अच्छी तरह पता है कि जेसिंडा मेरी बहुत अच्छी मित्र है।”

     

इस दौरान अर्डर्न का गीत गाकर अभिवादन किया गया। उन्होंने मैदान में मौजूद लोगों से कहा कि वह न्यूजीलैंड तथा उसके लोगों के लिए अधिक प्यार और स्नेह के साथ यह दायित्व छोड़ेंगी। उन्होंने कहा कि उनके सहकर्मी असाधारण लोग हैं। उन्होंने कहा, “मैंने कभी यह नौकरी अकेले नहीं की। मैंने न्यूजीलैंड के शानदार सेवकों के साथ यह किया और मैं यह जानते हुए नौकरी छोड़ रही हूं कि आपका भविष्य सुरक्षित हाथों में है।”

By upnews

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